ग्रहाणु परिकल्पना (Planetesimal Hypothesis)

September 4, 2026 Sonu 1 min read
पृथ्वी की उत्पत्ति

ग्रहाणु परिकल्पना (Planetesimal Hypothesis)

📖 Core Summary: थॉमस चैम्बरलिन और फॉरेस्ट मोल्टन द्वारा प्रतिपादित यह सिद्धांत बताता है कि सूर्य के पास से गुजरते हुए एक अन्य तारे के गुरुत्वाकर्षण खिंचाव से सूर्य से पदार्थ अलग हुआ, जिससे ग्रहों का निर्माण हुआ।
📌 Key Facts & Historical Provisions
  • प्रतिपादक: चैम्बरलिन और मोल्टन (1905)।
  • आधार: सूर्य के पास से एक विशाल तारे का गुजरना।
  • प्रक्रिया: तारे के ज्वारीय बल से सूर्य से गैस और धूल के कण अलग हुए, जो ठंडे होकर 'ग्रहाणु' (Planetesimals) बने।
💡 Memory Hook (Mnemonic): CM (Chamberlin-Moulton) = Planetesimal (छोटे कणों से बड़े ग्रह)।
⚠️ Exam Pointers & Traps: इसे 'ज्वारीय परिकल्पना' (Tidal Hypothesis) के प्रारंभिक संस्करण के रूप में न समझें, यह उससे भिन्न है।

🎯 Mini Practice Quiz (Quick Recall)

Q1. ग्रहाणु परिकल्पना (Planetesimal Hypothesis) का प्रतिपादन किसने किया था?
💡 Explanation: ग्रहाणु परिकल्पना 1905 में थॉमस चैम्बरलिन और फॉरेस्ट मोल्टन द्वारा दी गई थी।