खगोलीय पिंडों का गुरुत्वीय लेंसिंग (Gravitational Lensing)

September 4, 2026 Sonu 1 min read
ब्रह्मांड एवं सौरमण्डल

खगोलीय पिंडों का गुरुत्वीय लेंसिंग (Gravitational Lensing)

📖 Core Summary: जब किसी विशाल खगोलीय पिंड का गुरुत्वाकर्षण क्षेत्र उसके पीछे स्थित प्रकाश के स्रोत को मोड़ देता है, तो इसे गुरुत्वीय लेंसिंग कहते हैं।
📌 Key Facts & Historical Provisions
  • यह अल्बर्ट आइंस्टीन के सामान्य सापेक्षता सिद्धांत (General Relativity) का प्रमाण है।
  • इसका उपयोग दूरस्थ आकाशगंगाओं और डार्क मैटर (Dark Matter) का पता लगाने के लिए किया जाता है।
  • इसमें प्रकाश का मार्ग वक्र (Curve) हो जाता है, जिससे 'आइंस्टीन रिंग' जैसी आकृतियाँ बनती हैं।
💡 Memory Hook (Mnemonic): GL = Gravity bends Light (गुरुत्व प्रकाश को मोड़ता है)
⚠️ Exam Pointers & Traps: इसे केवल प्रकाश के अपवर्तन (Refraction) से न जोड़ें; यह गुरुत्वाकर्षण के कारण स्पेस-टाइम के मुड़ने का परिणाम है।

🎯 Mini Practice Quiz (Quick Recall)

Q1. गुरुत्वीय लेंसिंग का मुख्य कारण क्या है?
💡 Explanation: गुरुत्वीय लेंसिंग विशाल द्रव्यमान वाले पिंडों के गुरुत्वाकर्षण के कारण स्पेस-टाइम के मुड़ने से होती है।